भवन की ऊँचाई कितनी रखें-वास्तु टिप्स।।

0
896
Height of the Building
Height of the Building

भवन की ऊँचाई कितनी रखें – उच्च श्रेणी का वास्तु टिप्स ।। Height of the Building.

हैल्लो फ्रेण्ड्सzzz,

मित्रों, आज मैं आपलोगों को वास्तु के सिद्धान्तों में से उच्च कोटि का ज्ञान समर्पित करने का प्रयास करता हूँ । आज हम जानने का प्रयास करेंगे कि जब हम अपने घर का निर्माण करें तो कौन सी दीवार कितनी ऊँची रखें ।।

अगर हम अपने घर के चारो तरफ के दीवारों जिसे चहारदीवारी कहते हैं, के विषय में बात करें, तो हमारे भवन से पहले इसका निर्माण करते समय ये ध्यान रखना चाहिए कि हमारे दक्षिण-पश्चिम दिशा की चहारदीवारी उत्तर-पूर्व दिशा की अपेक्षा मोटी व ऊँची होनी चाहिए ।।

मित्रों, यदि मकान में निर्माण कार्य धीरे-धीरे चरणों में संपन्न कराने की आपकी योजना है, तो वास्तु शास्त्र के नियमों के अनुसार ही करें । वास्तु के अनुसार सर्वप्रथम पश्चिम या दक्षिण दिशा में निर्माण कार्य आरम्भ करें ।।

वास्तुशास्त्र के सिद्धान्तों के अनुसार किसी भी मकान की ऊँचाई कितनी होनी चाहिए ? इसका पूरा ध्यान रखना चाहिए । ऊँचाई का हिसाब निकालने का वास्तु का सिद्धान्त तो ये है, कि जितनी मकान की चौड़ाई हो…..

उसके 16वें भाग में चार हाथ, 96 अंगुल जोड़ दें, इसका योग जितना हो उसके बराबर मकान की ऊँचाई होनी चाहिए । यदि बहुमंजिली मकान की योजना हो तो पहली ऊँचाई में से 12वाँ भाग कम करके दूसरी मंजिल की ऊँचाई रखें ।।

मित्रों, इसी क्रम से तीसरी एवं चौथी मंजिल का भी निर्माण करना चाहिए । तीसरी मंजिल के लिए दूसरी मंजिल से 12वाँ भाग कम करें । प्रत्येक मंजिल के लिए यह सामान्य क्रम ऊँचाई निर्धारित किया गया है ।।

यदि इस क्रम से 4, 31/2 , 3 हाथ जोड़ दें, तो यह ऊँचाई उत्तम मध्यम और कनिष्ठ तीन प्रकार की होगी । यदि इस क्रम में भी क्रमशः 4 हाथ में 20, 18, 16, अंगुल तथा 31/2 और 3 हाथ में 27, 21, 15 अंगुल और जोड़ें……

तो उत्तम, मध्यम और कनिष्ठ ऊँचाई के तीन-तीन भेद और हो जाएँगे । इस प्रकार कुल 12 भेद होते हैं जिसे बखूबी समझकर ही करना श्रेयस्कर होता है । इनमें 8वाँ व 10वाँ भेद समान होने चाहिए ।।

ज्योतिष के सभी पहलू पर विस्तृत समझाकर बताया गया बहुत सा हमारा विडियो हमारे  YouTube के चैनल पर देखें । इस लिंक पर क्लिक करके हमारे सभी विडियोज को देख सकते हैं – Click Here & Watch My YouTube Channel.

इस तरह की अन्य बहुत सारी जानकारियों, ज्योतिष के बहुत से लेख, टिप्स & ट्रिक्स पढने के लिये हमारे ब्लॉग एवं वेबसाइट पर जायें तथा हमारे फेसबुक पेज को अवश्य लाइक करें, प्लीज – My facebook Page.

वास्तु विजिटिंग के लिये तथा अपनी कुण्डली दिखाकर उचित सलाह लेने एवं अपनी कुण्डली बनवाने अथवा किसी विशिष्ट मनोकामना की पूर्ति के लिए संपर्क करें ।।

किसी भी तरह के पूजा-पाठ, विधी-विधान, ग्रह दोष शान्ति आदि के लिए तथा बड़े से बड़े अनुष्ठान हेतु योग्य एवं विद्वान् ब्राह्मण हमारे यहाँ उपलब्ध हैं ।।

वापी ऑफिस:- शॉप नं.- 101/B, गोविन्दा कोम्प्लेक्स, सिलवासा-वापी मेन रोड़, चार रास्ता, वापी।।

वापी में सोमवार से शुक्रवार मिलने का समय: 10:30 AM 03:30 PM

वापी ऑफिस:- शनिवार एवं रविवार बंद है.

सिलवासा ऑफिस:- बालाजी ज्योतिष केन्द्र, गायत्री मंदिर के बाजु में, मेन रोड़, मन्दिर फलिया, आमली, सिलवासा।।

प्रतिदिन सिलवासा में मिलने का समय: 05: PM 08:30 PM

WhatsAap & Call: +91 – 8690 522 111.
E-Mail :: balajijyotish11@gmail.com 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here